Ads 468x60px

Friday 9 December 2011

गौतम बुद्ध के अनमोल वचन | Incredible Quotes By Gautam Buddha In Hindi


एक सुराही बूंद-बूंद से भरता है |
-गौतम बुद्ध 

सभी गलत कार्य मन से ही उपजाते हैं | अगर मन परिवर्तित हो जाय तो क्या गलत कार्य रह सकता है |
 -गौतम बुद्ध 

एक निष्ठाहीन और बुरे दोस्त से जानवरों की अपेक्षा ज्यादा भयभीत होना चाहिए ; क्यूंकि एक जंगली जानवर सिर्फ आपके शरीर को घाव दे सकता है, लेकिन एक बुरा दोस्त आपके दिमाग में घाव कर  जाएगा. 
-गौतम बुद्ध 


एक हजार खोखले शब्दों से एक शब्द बेहतर है जो शांति लता है |
-गौतम बुद्ध 
 
अराजकता सभी जटिल बातों में निहित है| परिश्रम के साथ प्रयास करते रहो |
-गौतम बुद्ध 

अतीत पर ध्यान केन्द्रित मत करो, भविष्य का सपना भी मत देखो, वर्तमान क्षण पर ध्यान केंद्रित करो | 
-गौतम बुद्ध 


आप को जो भी मिला है उसका अधिक मूल्याङ्कन न करें और न ही दूसरों से ईर्ष्या करें. वे लोग जो दूसरों से ईर्ष्या करते हैं, उन्हें मन को शांति कभी प्राप्त नहीं होती |
-गौतम बुद्ध 
 
चतुराई से जीने वाले लोगों को मौत से भी डरने की जरुरत नहीं है | 
-गौतम बुद्ध 
 
घृणा, घृणा करने से कम नहीं होती, बल्कि प्रेम से घटती है, यही शाश्वत नियम है |
-गौतम बुद्ध 

वह व्यक्ति जो 50 लोगों को प्यार करता है, 50 दुखों से घिरा होता है, जो किसी से भी प्यार नहीं करता है उसे कोई संकट नहीं है |
-गौतम बुद्ध 
 
स्वास्थ्य सबसे महान उपहार है, संतोष सबसे बड़ा धन तथा विश्वसनीयता सबसे अच्छा संबंध है|
-गौतम बुद्ध 

क्रोधित रहना, किसी और पर फेंकने के इरादे से एक गर्म कोयला अपने हाथ में रखने की तरह है, जो तुम्ही को जलती है | 
-गौतम बुद्ध 
  
आप चाहे कितने भी पवित्र शब्दों को पढ़ या बोल लें, लेकिन जब तक उनपर अमल नहीं करते उसका कोई फायदा नहीं है |
-गौतम बुद्ध 
 
मनुष्य का दिमाग ही सब कुछ है, जो वह सोचता है वही वह बनता है |
-गौतम बुद्ध 

जीभ एक तेज चाकू की तरह बिना खून निकाले ही मार देता है |
-गौतम बुद्ध 

सत्य के रस्ते पर कोई दो ही गलतियाँ कर सकता है, या तो वह पूरा सफ़र तय नहीं करता या सफ़र की शुरुआत ही नहीं करता |
-गौतम बुद्ध 


हजारों दियो को एक ही दिए से, बिना उसके प्रकाश को कम किये जलाया जा सकता है | ख़ुशी बांटने से ख़ुशी कभी कम नहीं होती |
-गौतम बुद्ध 

तीन चीजों को लम्बी अवधि तक छुपाया नहीं जा सकता, सूर्य, चन्द्रमा और सत्य |
-गौतम बुद्ध 

शारीर को स्वस्थ रखना हमारा कर्त्तव्य है, नहीं तो हम अपने दिमाग को मजबूत अवं स्वच्छ नहीं रख पाएंगे |
-गौतम बुद्ध 

हम आपने विचारों से ही अच्छी तरह ढलते हैं; हम वही बनते हैं जो हम सोचते हैं| जब मन पवित्र होता है तो ख़ुशी परछाई की तरह हमेशा हमारे साथ चलती है |
-गौतम बुद्ध 

अपने उद्धार के लिए स्वयं कार्य करें. दूसरों पर निर्भर नहीं रहें |
-गौतम बुद्ध

नोट:  हिंदी में अनुवाद करने में  सावधानी बरतने के बावजूद कुछ त्रुटियाँ हो सकती हैं. कृपया क्षमा करें.

13 comments:

Saru Singhal said...

Thanks dear, I needed some divine thoughts in the morning:)

Nisheeth Ranjan said...

Welcome . Buddha's thoughts have always inspired me so just thought of sharing them in Hindi...

vipin kumar saini said...

Very-very useful to us....so thanks dear & also Buddh g.....

Nisheeth Ranjan said...

Thank you Vipin...

swati shahare said...

nice gautama thoughts.

vipin kumar saini said...

.....ye golden words jab kabhi bahut jayda
pareshan hota hun to jarur padta hun sach me bahut shanti milti hai or rasta bhi mil jata hai.Parnam Budha g and thanks again Nisheeth.

Amit said...

whenever i am dipressed i read the gautam buddha book the buddha and his dhamma and i realy honour to said that yes i am buddhist community person and my the Great Dr.Babasaheb Ambedkar the authur of indian constitution everyone know his sacrifies for dalit community and his getting to rights all the life Dr.Ambedkar had struggled for us and they done it.

prajwal said...

Agar hum buddha ke vicharo ko lekar chale to humare jivan me dukh kam ho jaega.

Anonymous said...

thanks..i need it for ma hindi project

sahdev deejay dev said...

Nice

Shankar Dhengre said...

Bhagwan Buddha ke thoughts aaj bhi prasangik hai.life me sukh, shanti ke liye Bhagwan buddha ke vichar apanane honge.Thanks.

Ranjan Rai said...

ranjanrai said thank vipin

Anonymous said...

ranjan rai said thank vipin

Post a Comment